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खिड़कियों पर जालियां हैं
खिड़कियों पर जालियां हैं, ये पता कैसे चले ? युद्ध की तैयारियां हैं, ये पता कैसे चले ? तन बदन की सब नसें दुखने लगीं हैं इन दिनों, कौन सी बीमारियां हैं, ये पता कैसे चले ? बैग में हथियार होंगे, ये हमें अनुमान था, कील हैं या आरियां हैं, ये पता कैसे चले ? […]
May
27
गज़ब की राजनीति है साब
गज़ब की राजनीति है साब बारिश का मौसम आते ही सारे मेंढक फूल गए । टर्र -टर्र के चक्कर में हम कविता लिखना भूल गए ।। प्यासी भैंस घुसी हैं जब से राजनीति की पोखर में । गन्दी नाली के सब कीड़े पूंछ पकड़कर झूल गए ।।
May
27
भारत बन्द नहीं होने देंगे
भारत माता की गति को अब मंद नहीं होने देंगे, इंसानों से इंसानों का द्वंद नहीं होने देंगे । प्यार मोहब्बत बांटेंगे हम, नफ़रत के बाजारों में, भारत में रहकर हम भारत बन्द नहीं होने देंगे ।।


